भरतपुर शिक्षा विभाग के कार्यक्रम में हाईकोर्ट जस्टिस और IPS दर्शना सिंह ने साझा किए सफलता के सूत्र
नई पहल न्यूज नेटवर्क। जनकपुर। भरतपुर के वनांचल क्षेत्र में शिक्षा और सपनों की एक नई बयार देखने को मिली। अवसर था विकासखंड शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित एक गरिमामय संवाद कार्यक्रम का, जहाँ जबलपुर उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह और सरगुजा संभाग का नाम रोशन करने वाली पहली आईपीएस (IPS) चयनित युवती दर्शना सिंह ने शिरकत की। एकलव्य आवासीय विद्यालय के सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम ने स्कूली बच्चों के भीतर भविष्य की नई उम्मीदें जगा दीं।

न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह : “संस्कार और सेवा ही असली सफलता”
कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह की सरलता ने वहां मौजूद हर शख्स को प्रभावित किया। बच्चों से सीधा संवाद करते हुए उन्होंने जीवन की बुनियाद पर बात की।
शिक्षा केवल किताबों और डिग्रियों तक सीमित नहीं होनी चाहिए। इसका असली उद्देश्य व्यक्तित्व निर्माण और राष्ट्र निर्माण है। यदि आप जीवन में आगे बढ़ना चाहते हैं, तो अनुशासन, ईमानदारी और सेवा की भावना को अपनाएं। माता-पिता की सेवा और सहृदयता ही वह मूलमंत्र है जो आपको श्रेष्ठ नागरिक बनाएगा। धैर्य और सकारात्मक सोच के साथ अपने लक्ष्य की ओर निरंतर प्रयास करें।
— न्यायमूर्ति विवेक कुमार सिंह, जबलपुर उच्च न्यायालय
IPS दर्शना सिंह : “संघर्ष को ताकत बनाइए, स्क्रीन को नहीं”
सरगुजा संभाग से आईपीएस के लिए चयनित होकर इतिहास रचने वाली दर्शना सिंह ने अपनी सफलता की कहानी साझा की। वनांचल की बेटियों के लिए रोल मॉडल बनीं दर्शना ने युवाओं को आज की सबसे बड़ी कमजोरी से आगाह किया।
मेरी सफलता के पीछे मेरे माता-पिता सीमा सिंह और अरुण सिंह का निरंतर प्रोत्साहन रहा है। अगर आप वास्तव में सफल होना चाहते हैं, तो खुद पर नियंत्रण रखें। आज के दौर में स्क्रीन और ‘रील्स’ पर 1 घंटे से ज्यादा समय बर्बाद करना आपकी एकाग्रता को खत्म कर देता है। अपने संघर्ष को अपनी ताकत बनाइए और सोशल मीडिया के जाल से बाहर निकलकर मेहनत कीजिए।
— दर्शना सिंह, भारतीय पुलिस सेवा (IPS) हेतु चयनित
प्रशासनिक तालमेल और सफल आयोजन
कार्यक्रम के दौरान भरतपुर अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) शशि शेखर मिश्रा का मार्गदर्शन सराहनीय रहा। विकासखंड शिक्षा अधिकारी सच्चिदानंद साहू ने आत्मीय स्वागत भाषण दिया। मंच का कुशल संचालन सेजस प्राचार्य दीपक सिंह बघेल ने किया और अंत में एकलव्य विद्यालय के प्राचार्य राजेश शर्मा ने धन्यवाद ज्ञापित किया। इस विशेष अवसर पर सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी अनिल पटेल, बीआरपी उमेश पांडेय, संकुल समन्वयक अभिषेक दुबे, आदर्शनाथ तिवारी, प्रधान पाठक शारदा प्रसाद त्रिपाठी समेत शिक्षा विभाग और अन्य विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम के समापन पर अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।







