खाकी का खौफ : 4 महीनों में 132 शराब तस्कर दबोचे गए, नशीले इंजेक्शनों के साथ सलाखों के पीछे पहुँचे अपराधी
नई पहल न्यूज नेटवर्क। चिरमिरी। कोयलांचल की फिजाओं में अब अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है। चिरमिरी पुलिस ने अवैध नशे और जुआ-सट्टा के खिलाफ एक ऐसी घेराबंदी की है, जिसने माफियाओं की कमर तोड़ कर रख दी है। पुलिस महानिरीक्षक सरगुजा रेंज दीपक झा के सख्त निर्देशों पर पुलिस अधीक्षक रत्ना सिंह के कुशल मार्गदर्शन में चिरमिरी पुलिस अब “जीरो टॉलरेंस” की नीति पर काम कर रही है।
एक्शन मोड में खाकी: आंकड़ों की जुबानी, पुलिस की कहानी
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पुष्पेंद्र नायक और CSP दीपिका मिंज के नेतृत्व में थाना प्रभारी विजय सिंह की टीम ने पिछले कुछ महीनों में जो आंकड़े पेश किए हैं, वे अपराधियों की रूह कंपा देने वाले हैं। 02 नवंबर 2025 से 28 फरवरी 2026 के बीच पुलिस ने ताबड़तोड़ छापेमारी कर निम्नलिखित सफलताएं अर्जित कीं:
- आबकारी एक्ट (अवैध शराब): कुल 132 प्रकरण दर्ज किए गए, जिनमें 374.5 लीटर शराब जब्त की गई (अनुमानित कीमत ₹74,800)।
- NDPS एक्ट (नशीले पदार्थ): नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 60 नशीले इंजेक्शन जब्त किए गए (अनुमानित कीमत ₹19,800)।
- सट्टा एक्ट: सट्टेबाजी के खिलाफ 11 प्रकरणों में ₹21,250 की नगद राशि बरामद की गई।
- जुआ एक्ट: जुआ खेलने वालों पर 04 प्रकरण दर्ज कर ₹11,290 नगद जब्त किए गए।
इन कठोर कार्रवाइयों के माध्यम से चिरमिरी पुलिस ने न केवल अवैध कारोबार की जड़ों पर प्रहार किया है, बल्कि युवाओं को नशे की दलदल में धकेलने वाले तत्वों को भी कड़ा संदेश दिया है।
ताजा कार्रवाई: टिकरापारा में विशाल कुमार गिरफ्तार
पुलिस की यह पैनी नजर थमी नहीं है। इसी कड़ी में 03 अप्रैल 2026 को मुखबिर की सटीक सूचना पर पुलिस ने टिकरापारा (बड़ा बाजार) में दबिश दी। यहाँ विशाल कुमार पिता स्व. प्रेमलाल के घर से 12 लीटर अवैध महुआ शराब बरामद की गई। आरोपी को धारा 34(2) आबकारी एक्ट के तहत गिरफ्तार कर तत्काल जेल भेज दिया गया है।



युवाओं को बचाने की मुहिम
नगर पुलिस अधीक्षक (CSP) दीपिका मिंज और थाना प्रभारी विजय सिंह का मुख्य फोकस युवाओं को नशे की दलदल से बाहर निकालना है। नशीले इंजेक्शनों और अवैध शराब की बिक्री पर प्रहार कर पुलिस ने उन गिरोहों को चिन्हित किया है जो शहर की शांति भंग कर रहे थे।
चिरमिरी की जनता की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। अवैध कारोबार करने वाले या तो यह काम छोड़ दें, या फिर जेल जाने के लिए तैयार रहें। हमारा अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक अंतिम अपराधी सलाखों के पीछे न हो।
— विजय सिंह, टीआई, चिरमिरी
कार्रवाई के जांबाज (टीम चिरमिरी)
इस पूरे मिशन को धरातल पर उतारने में थाना प्रभारी विजय सिंह के साथ प्रआर संतोष सिंह, भगत सिंह, रुख बंजारे, राजेंद्र कुमारी, रघुनंदन सिंह, अनीता मरकाम और रेखा कुजूर की भूमिका अत्यंत सराहनीय रही है।
चिरमिरी पुलिस की इस “सर्जिकल स्ट्राइक” ने न केवल अपराधियों में खौफ पैदा किया है, बल्कि आम जनता के बीच पुलिस की छवि को और अधिक विश्वसनीय और मजबूत बनाया है। अब शहर की गलियों में सन्नाटा अपराधियों के लिए है और सुकून आम नागरिकों के लिए।




