The specified slider id does not exist.

नशामुक्त जिला अभियान : एमसीबी में मेडिकल नशे के गढ़ पर भारी प्रहार : अवैध क्लीनिक और मेडिकल स्टोर सील, 5 को नोटिस

Share this post:

कलेक्टर संतन देवी जाँगड़े के निर्देश पर तड़के दौड़ी संयुक्त टीम, जिला प्रशासन का बड़ा एक्शन, मचा हड़कंप

नई पहल न्यूज नेटवर्क। मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर। जिले में प्रतिबंधित और नारकोटिक दवाओं के जरिए युवाओं की नसें खोखली करने वाले सफेदपोश कारोबारियों और इंसानी जिंदगी से खिलवाड़ करने वाले फर्जी डॉक्टरों पर जिला प्रशासन ने अब तक का सबसे बड़ा प्रहार किया है। दैनिक समाचार पत्र में छपी सनसनीखेज खबर “जनकपुर में मेडिकल नशे का फैल रहा जाल” को बेहद संवेदनशीलता से लेते हुए कलेक्टर संतन देवी जाँगड़े ने इसका कड़ा संज्ञान लिया। उनके निर्देश पर भरतपुर-जनकपुर क्षेत्र में मंगलवार को प्रशासन, स्वास्थ्य और पुलिस महकमे की संयुक्त टीम ने चक्रवाती छापामार कार्रवाई की, जिससे पूरे इलाके के अवैध दवा व्यापारियों में हड़कंप मच गया है।

ग्राउंड जीरो पर कड़ा एक्शन : मौके पर ही ठोक दिया ताला

​एसडीएम भरतपुर के नेतृत्व में गठित स्पेशल टास्क फोर्स जब रामगढ़ और जनकपुर के बाजारों में उतरी, तो कई संदिग्ध ठिकानों के शटर गिरने शुरू हो गए। जांच दल ने जब रामगढ़ स्थित मंजू मेडिकल स्टोर्स और उसके ठीक बगल में चल रहे एक अवैध क्लीनिक पर धावा बोला, तो वहां गंभीर अनियमितताएं और नियमों की धज्जियां उड़ती मिलीं। बिना देरी किए प्रशासन ने नर्सिंग होम एक्ट के तहत उक्त अवैध क्लीनिक और मेडिकल स्टोर को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया।

​संयुक्त टीम ने मुख्य रूप से प्रतिबंधित दवाओं के क्रय-विक्रय, स्टॉक रजिस्टर, नारकोटिक्स दवाओं के रिकॉर्ड और दुकानों के वैधानिक लाइसेंसों की बारीकी से जांच की।

शिकंजे में आए ये 5 बड़े मेडिकल स्टोर्स, थमाया नोटिस

​निरीक्षण के दौरान क्षेत्र के पांच अन्य नामी गिरामी मेडिकल स्टोर्स में भी विभिन्न प्रकार की अनियमितताएं सामने आईं। नियमों में लापरवाही बरतने पर प्रशासन ने इन सभी के खिलाफ नियमानुसार कारण बताओ नोटिस जारी कर कड़ा जवाब तलब किया है:

  1. ​प्रदीप मेडिकल स्टोर्स, जनकपुर
  2. ​आलिया मेडिकल स्टोर्स, जनकपुर
  3. ​केसरवानी मेडिकल एंड जनरल स्टोर्स, जनकपुर
  4. ​सिंह मेडिकल स्टोर्स, जनकपुर
  5. ​न्यू गुप्ता मेडिकल स्टोर्स, जनकपुर

अधिकारियों की भारी फौज के साथ उतरी पुलिस

​नशे के इस अवैध साम्राज्य पर चोट करने के लिए जिला प्रशासन ने पूरी तैयारी की थी। इस विशेष ज्वाइंट ऑपरेशन में एसडीएम भरतपुर, तहसीलदार भरतपुर, तहसीलदार कुवारपुर, ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर (BMO), ड्रग्स इंस्पेक्टर भरतपुर सहित भारी संख्या में पुलिस बल मुस्तैद रहा, जिससे गड़बड़ी करने वालों में हड़कंप मच गया।

प्रशासन का कड़ा अल्टीमेटम

​जिला प्रशासन ने साफ कर दिया है कि बिना वैध लाइसेंस के क्लीनिक चलाना, प्रतिबंधित नशीली दवाओं को अवैध रूप से बेचना या मेडिकल नियमों का उल्लंघन करना सीधे तौर पर लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ है। ऐसे संस्थानों और माफियाओं के खिलाफ आने वाले दिनों में और भी कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। यह अभियान लगातार जारी रहेगा।

कलेक्टर संतन देवी जाँगड़े की आमजन से अपील : आप बनें प्रशासन की आंख-कान

कलेक्टर संतन देवी जाँगड़े ने आम नागरिकों से विशेष अपील करते हुए कहा है कि यदि उनके आस-पास कोई भी झोलाछाप डॉक्टर, बिना रजिस्ट्रेशन का क्लीनिक या नशीली दवाओं की गुप्त बिक्री करता पाया जाता है, तो इसकी सूचना तुरंत जिला प्रशासन को दें। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गुप्त रखी जाएगी। कलेक्टर संतन देवी जाँगड़े के इस कड़े रुख से यह साफ हो गया है कि जिले में अब फर्जी डॉक्टरों और नशे के सौदागरों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है।

About The Author

Share this post:

0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
Inline Feedbacks
View all comments

खबरें और भी हैं...

Advertisement Box

RO No. 13820/1

लाइव क्रिकट स्कोर

Gold and Silver price

मौसम अपडेट

राशिफल

© 2026 Nayi Pahal News  – All rights reserved. | News Website Development Services | New Traffic tail