समयबद्ध समाधान, पारदर्शी प्रक्रिया और मानवीय व्यवहार : कलेक्टर चंदन त्रिपाठी का जनदर्शन मंत्र

नई पहल न्यूज नेटवर्क। कोरिया। जिले की कलेक्टर श्रीमती चन्दन त्रिपाठी ने साप्ताहिक जनदर्शन में न केवल आम जनता के आवेदन स्वीकार किए, बल्कि उसे समाधान की प्रक्रिया के रूप में गंभीरता से लिया। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि जनदर्शन केवल आवेदन संग्रह का माध्यम नहीं, बल्कि समयबद्ध और न्यायपूर्ण समाधान का मंच है। कलेक्टर ने कहा कि शासन की मंशा है कि योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने हर अधिकारी को निर्देश दिया कि वे जनशिकायतों को संवेदनशीलता से लें, टालमटोल या उपेक्षापूर्ण रवैये से पूरी तरह बचें, और हर एक समस्या का पारदर्शी व न्यायसंगत निराकरण सुनिश्चित करें।
क्या-क्या उठे मुद्दे ?

जनदर्शन में विभिन्न प्रकार की समस्याएं सामने आईं, जिनमें शामिल थे:
भूमि विवाद व अवैध कब्जे की शिकायतें
नहर और सड़क मरम्मत की मांग
जाति व निवास प्रमाण पत्र में त्रुटि
दिव्यांगजनों को उपकरण उपलब्ध कराने की अपील
राजस्व अभिलेखों में सुधार
आरोपी के विरुद्ध कार्रवाई की मांग
जर्जर सड़कों की शिकायत
पौधों की सुरक्षा की चिंता
कलेक्टर ने इन सभी मामलों में संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय करते हुए त्वरित, विधिसम्मत और मानवीय समाधान के निर्देश दिए।

न्यायालयीन प्रकरणों पर विशेष टिप्पणी :
कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि कुछ आवेदन न्यायालयीन प्रकृति के होते हैं, जिनमें समय लग सकता है, लेकिन प्रशासन की ज़िम्मेदारी है कि हर मामले में यथासंभव शीघ्र कार्रवाई हो।
व्यवहार भी हो सेवाभाव से परिपूर्ण :
कलेक्टर त्रिपाठी ने यह भी कहा कि अधिकारियों व कर्मचारियों को आवेदकों से सौम्य, सहानुभूतिपूर्ण और मार्गदर्शक व्यवहार रखना चाहिए। अधूरे दस्तावेजों के मामले में आवेदक को सही जानकारी और दिशा देना प्रशासन की नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने चेताया कि टालमटोल की प्रवृत्ति से जनता का विश्वास कमजोर होता है, इसलिए हर आवेदन को एक भरोसे की तरह देखें और जवाबदेही के साथ कार्य करें।
कलेक्टर का संदेश :
हर आवेदन के पीछे एक उम्मीद, एक ज़रूरत और एक भरोसा होता है। हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए उस भरोसे को कायम रखना।
चन्दन त्रिपाठी, कलेक्टर, कोरिया


About The Author










































